जीतराम मुंडा हत्याकांड – मनोज मुंडा ने उगले कई राज, PLFI से हथियार मंगा कर कराई गई थी हत्या

रांची : ओरमांझी थाना क्षेत्र स्थित आर्यन ढाबा में चाय पी रहे भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या 22 सितंबर को कर दी गई थी। इस हत्याकांड का मुख्य आरोपी मनोज गुंडा है। मनोज मुंडा को रांची पुलिस ने कल सिविल कोर्ट से गिरफ्तार कर ली है। पुलिस की पूछताछ में खुलासा हुआ है कि मनोज मुंडा ने पीएलएफआई संगठन से हथियार मंगा कर भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या कराई थी। मनोज मुंडा ने पुलिस के समक्ष कई राज खोले हैं। मनोज मुंडा ने पुलिस को बताया कि वह कई वर्षों से भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या कर देना चाह रहा था। लेकिन वह अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो रहा था। इसलिए उन्होंने पीएलएफआई संगठन की मदद ली और किराए पर एक शूटर को हत्या करने की सुपारी दे दी थी।

मनोज मंडा से पूछताछ के बाद कई लोग पुलिस के रडार पर आने की आशंका

पुलिस के समक्ष मुख्य आरोपी मनोज मुंडा ने कई राज खोले हैं। पुलिस को मनोज मुंडा ने बताया कि मृतक जीतराम मुंडा और पत्नी के बीच बढ़ती दोस्ती को लेकर ईर्ष्या हो रहा था। इसके पहले मनोज मुंडा ने जीतराम मुंडा को कई बार मना कर चुका था और पत्नी से दोस्ती खत्म करने की बात कही थी। लेकिन जीतराम मुंडा मनोज मुंडा की बात को नहीं समझ रहा था। इसी बीच मनोज मुंडा की पत्नी की मृत्यु हो जाती है और इस मामले में मनोज मुंडा की 7 साल की सजा होती है।

जेल में ही भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या करने की रची गई थी साजिश

पुलिस के समक्ष मुख्य आरोपी मनोज मुंडा ने अपना गुनाह कबूल किया और बताया कि भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या की साजिश जेल में ही रची गई थी। पुलिस को मनोज मुंडा ने बताया कि जीतराम मुंडा पर पहले भी जानलेवा हमला किया था लेकिन उस हमले में जीतराम मुंडा बच गया था। इसलिए इस बार सूटर की मदद लेना पड़ा और उसकी हत्या की गई। मनोज मुंडा भाजपा नेता जीतराम मुंडा हत्याकांड मामले को लेकर कई ऐसे नाम उगले हैं जिनसे पुलिस पूछताछ कर सकती है।

भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या करने के बाद परिवार वालों ने मनोज मुंडा का छोड़ दिया था साथ

भाजपा नेता जीतराम मुंडा की हत्या कराने के बाद मुख्य आरोपी मनोज मुंडा अपने परिवार वालों के पास गया लेकिन परिवार वालों ने शरण नहीं दिया था। मनोज मुंडा अपने बहन और अपने करीबियों के घर गए थे लेकिन किसी ने शरण नहीं दी। अंत में मनोज मुंडा बॉक्साइट की खदान में छुप कर रहा था। मनोज मुंडा हार मानकर सिविल कोर्ट में सरेंडर करने आया था और उसी समय पुलिस मनोज मुंडा को गिरफ्तार कर ली थी।

0 Shares:
Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You May Also Like
Read More

करोड़ों का चुना लगाने वाली कंपनी काम्या हेल्पलाइन का पर्दाफाश

राँची : पटना की काम्या हेल्पलाइन सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड(KHS) के धोखे का शिकार भोले भाले लोगों ने आम…
Read More

नक्सलियों ने चक्रधरपुर लोटा पहाड़ और सोनुआ के बीच रेलवे ट्रैक उड़ाने की कोशिश की

चाईबासा : झारखण्ड में नक्सलियो द्वारा बंदी में रेलवे ट्रेक को निशाना बनाया गया है।भाकपा माओवादी नक्सली संगठन…