रांची:धनबाद पुलिस द्वारा पत्रकार की गिरफ्तारी का तरीका गलत है। झारखंड यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स की महानगर इकाई के अध्यक्ष जावेद अख्तर ने इस कार्रवाई की निंदा की है। उन्होंने कहा कि मिली जानकारी के मुताबिक किसी एक मामले में धनबाद से आयी पुलिस ने रांची से न्यूज 11 भारत के पत्रकार अरुण चटर्जी को गिरफ्तार कर लिया। किसी भी मामले में अभियुक्त पर कानूनी कार्रवाई की एक निर्धारित कानूनी प्रक्रिया होती है। धनबाद से आयी पुलिस ने रात के अंधेरे में चुपचाप जिस तरीके से यह कार्रवाई की, उससे पूरी प्रक्रिया पर ही संदेह उठ जाता है। एक पत्रकार, जो हमेशा सार्वजनिक जीवन में रहता है और किसी के लिए भी सहज उपलब्ध है, उसे रात के अंधेरे में किसी आतंकवादी की तरह गिरफ्तार कर उसके साथ ऐसा आचरण करना गलत है। अगर कोई मामला था और उसपर वारंट निर्गत हुआ था तो धनबाद से आयी पुलिस दिन के समय भी ऐसी कार्रवाई कर सकती थी। ऐसा नहीं कर रात के अंधेरे में घर पर छापामार किसी पत्रकार को गिरफ्तार कर आखिर पुलिस क्या जताना चाहती है और उसके पीछे का असली राज क्या है, इसकी जांच होनी चाहिए। इस पूरी प्रक्रिया को जिस तरीके से पुलिस ने अंजाम दिया है, उससे संदेह पैदा होना स्वाभाविक है। इसलिए रात के अंधेरे में ही क्यों गिरफ्तार किया गया, इसकी जांच होनी चाहिए।